Connect with us

विज्ञान

जानिए आखिर क्यों मछलियाँ पानी से बाहर सांस नहीं ले पाती हैं? Why fish lives in water

golden-fish

क्यों मछलियाँ पानी से बाहर सांस नहीं ले पाती हैं (Why fish lives in water)-मछली जल की रानी है… जीवन उसका पानी है… हाथ लगाओगे तो डर जाएगी.. बाहर निकालो तो मर जाएगी… यह कविता सभी को बचपन से ही याद रहती है… यहीं वह कविता जो हर किसी जीवन से इस प्रकार जुड़ी है कि लोग मरते दम तक भी इसे भूल नहीं सकते। लेकिन क्या आपने इसके अर्थ को समझने की कभी कोशिश की। यदि नहीं तो आज जानिए इसका अर्थ और महत्व क्या है और यह मछली के जीवन से किस प्रकार से जुड़ी है।

आप जानते है कि मछली पानी में ही जीवित रहती है इसलिए उसे पानी की रानी कहा जाता है। उसी पर बनी यह कविता हमारे लिए एक सवाल भी लेकर आती है कि मछली जल की रानी है और पानी ही उसका जीवन है लेकिन सवाल ये है कि मछली पानी में ही क्यों जिंदा रहती है.. आखिर इसके पास ऐसे कौन-से अंग है जिसकी सहायता से मछली पानी में भी सांस ले सकती हैं।

dead-fish

मछली पानी में कैसे सांस लेती है

दरअसल, भगवान ने हर एक जीव को कोई ना कोई ऐसी विशेषता दी है। जो हर किसी के पास नहीं मिल सकती। यही कारण है कि मछली को भी कोई ऐसा अंग प्रदान है। जिसकी सहायता से वह पानी में सांस ले सकती है और वह अंग है मछली के गिल्स यानि इसके गलफड़े। यह गिल्स मछली के सिर के दोनों तरफ स्थित होते हैं।  इन्हीं की सहायता से मछली पानी के अंदर सांस लेने के लिए मुंह को खोलती है और पानी को अपने गिल्स की तरफ पंप कर देती है। गिल्स में उपस्थित मेंमब्रेन की मदद से मछली पानी में उपस्थित ऑक्सीजन को सोख लेती है। जिसके बाद गिल्स खुलने से पानी बाहर आ जाता है।

dying-fish

मछली मरने का कारण

यहीं कारण है कि मछली पानी में जीवित रहती है। इस तरह से देखा आपने कि भगवान ने मछली को क्या अद्भुत शक्ति दी है। जो अपने गिल्स की सहायता से पानी में घुली ऑक्सीजन को फिल्टर करके ग्रहण कर लेती है। और मुंह से कार्बन डाइऑक्साइड को बाहर निकालते हुए, पानी भी बाहर निकाल फेंकती है। साथ ही हम आपको बता दें जब मछली बाहर निकाल दिया जाता है तो इसके गिल्स काम करना बंद कर देते हैं। यह हवा में ऑक्सीजन को अवशोषित नहीं कर पाते। इसलिए मछली पानी के बाहर मर जाती हैं।

यही कारण है कि इसे जल की रानी का योद्धा देकर पुकारा जाता है। तो उस बचपन की कविता का आज आपने हर प्रकार से मतलब समझ लिया होगा। हम उम्मीद करते हैं कि आपको हमारी है पोस्ट पसंद आई होगी, यदि हां तो कमेंट करके बताएं।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

More in विज्ञान